Wednesday, 8 November 2017
यादे
मन सिसकी दबा कर रो रहा है,
ए गम तुमने हमको दिया है।
जिंदा रह कर मर जाना मेरे ही बस मे था,
तुने भी क्या मेरी यादो के साहारे जीना सिखा है ।
कह देना वफा मे ओ जिंदा रहकर मर गया ओ मेरा
आशिक पुराना है।(दिलीप पटले)
No comments:
Post a Comment
‹
›
Home
View web version
No comments:
Post a Comment